नकली सामूहिक विवाह कार्यक्रम या 'लुटेरी दुल्हन' गिरोह आशावादी दूल्हों और परिवारों को लूटता है
दो संगठित विवाह ठगी: नकली सामूहिक विवाह आयोजक ₹25,000 पंजीकरण शुल्क लेकर गायब हो जाते हैं; या 'लुटेरी दुल्हन' महिलाएं दुल्हन बनकर विवाह करती हैं फिर परिवार का सोना और नकद लेकर फरार हो जाती हैं।
इसे इन नामों से भी जाना जाता है: लुटेरी दुल्हन घोटाला, नकली सामूहिक विवाह आयोजन धोखाधड़ी, fake mass marriage event fraud, नकली शादी पंजीकरण घोटाला, Looteri Dulhan scam
आपके साथ हो चुका है? अगले कुछ मिनटों में यह करें
1930 पर कॉल करें- 1 1930 — राष्ट्रीय साइबर-क्राइम हेल्पलाइन — पर अभी कॉल करें। जितनी जल्दी रिपोर्ट करेंगे, पैसा फ्रीज़ होने की संभावना उतनी ज़्यादा।
- 2 अपने बैंक को कॉल करके तुरंत खाता फ्रीज़ और कार्ड ब्लॉक कराएँ। कार्ड पर छपे नंबर का ही उपयोग करें, मैसेज या कॉल वाले नंबर का नहीं।
- 3 cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें और हर मैसेज, स्क्रीनशॉट व ट्रांज़ैक्शन ID सँभालकर रखें।
अभी क्या करें
- 1 किसी अज्ञात आयोजक के सामूहिक विवाह कार्यक्रम में कभी पंजीकरण शुल्क न दें — सरकारी या स्थापित NGO के सर्वजातीय विवाह कार्यक्रमों में दूल्हे से कोई शुल्क नहीं लिया जाता
- 2 दुल्हन की हर तस्वीर का Reverse image search करें और सुनिश्चित करें कि वह वास्तविक और स्वतंत्र रूप से संपर्क योग्य व्यक्ति है
- 3 विवाह से पहले किसी परिचित माध्यम से दुल्हन के परिवार से उनके असली गांव/शहर में मिलें — केवल आयोजक की जानकारी पर भरोसा न करें
- 4 शादी के शुरुआती दिनों में बहुमूल्य सोना और नकदी बैंक लॉकर में रखें
- 5 https://cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें या 1930 (राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन) पर कॉल करें।
चेतावनी संकेत
- ⚠ आयोजक अनाथाश्रम या दान संस्था की लड़कियों से शादी का वादा करके पंजीकरण शुल्क मांगता है — किसी भी वैध सामाजिक विवाह कार्यक्रम में दूल्हे से शुल्क नहीं लिया जाता
- ⚠ दुल्हन की तस्वीरें केवल WhatsApp या PDF पर मिलती हैं; Reverse image search से पता चलता है कि वे किसी और के social media से चुराई गई हैं
- ⚠ आयोजक केवल फोन या WhatsApp पर मिलता है और किसी भी आमने-सामने मुलाकात से पहले cash या UPI से पंजीकरण शुल्क मांगता है
- ⚠ दुल्हन के परिवार से संपर्क नहीं हो पाता; विवाह में आए 'रिश्तेदार' अजनबी लगते हैं
- ⚠ नई दुल्हन शादी के तुरंत बाद 'सुरक्षा' के नाम पर सारा सोना-जेवर एक कमरे में रखवाती है, फिर रात को गायब हो जाती है
- ⚠ दुल्हन के Aadhaar और दस्तावेज नकली निकलते हैं; उसके बताए शहर और परिवार की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं होती
ज्ञात प्रकार
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नकली सामूहिक विवाह कार्यक्रम (देवास MP, मई 2026): आयोजकों ने WhatsApp के माध्यम से इंदौर के 'मातृ छाया आश्रम' की लड़कियों से सर्वजातीय विवाह का विज्ञापन किया। 42 परिवारों से ₹25,000 प्रत्येक लिया। विवाह के दिन न आयोजक आए न दुल्हन। मुख्य आरोपी दंपत्ति गिरफ्तार।
Last seen: 5/26/2026
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लुटेरी दुल्हन गिरोह (UP महाराजगंज, मई 2026): 4 महिलाएं गिरफ्तार — नकली रिश्तेदारों के साथ योग्य दुल्हन बनकर आईं, विवाह किया, कुछ दिन रहीं, फिर नकद, सोना और कीमती सामान लेकर फरार। मास्टरमाइंड फरार। एक पीड़ित को पता चला उसकी 'दुल्हन' पहले से शादीशुदा थी और एक बच्चा भी था।
Last seen: 5/30/2026
स्रोत
- The Week — मध्यप्रदेश में सामूहिक विवाह घोटाला: 42 दूल्हे शादी के लिए पहुंचे पर कोई दुल्हन नहीं आई (मई 26, 2026)
- The420.in — देवास MP में सामूहिक विवाह धोखाधड़ी: 42 परिवार ठगे, चार आरोपी बुक (मई 2026)
- The420.in — लुटेरी दुल्हन गिरोह महाराजगंज UP में उजागर: 4 महिलाएं गिरफ्तार (मई 2026)
- Latestly — UP के महाराजगंज में लुटेरी दुल्हन गिरोह पकड़ा: अंतर-राज्यीय विवाह घोटाले में 4 महिलाएं गिरफ्तार (मई 2026)